हमीरपुर : लिफ्ट केनाल की नहर सूखी पड़ी, सैकड़ों बीघे खेत परती पड़े

मौदहा क्षेत्र के सिसोलर चौबीसी क्षेत्र में स्थित छानी पंप केनाल की नहर से पानी न मिलने के कारण...

Nov 2, 2020 - 19:50
Nov 2, 2020 - 19:59
 0  6
हमीरपुर : लिफ्ट केनाल की नहर सूखी पड़ी, सैकड़ों बीघे खेत परती पड़े
  • सिंचाई का पानी नही मिलने से खेतों में नहीं हो पा रही पलेवा किसानों में हाहाकार

मौदहा क्षेत्र के सिसोलर चौबीसी क्षेत्र में स्थित छानी पंप केनाल की नहर से पानी न मिलने के कारण सैकड़ों बीघे खेत पलेवा के लिये खाली पड़े है। सिंचाई के पानी को लेकर किसानों में हाहाकार मचा हुआ है।

यह भी पढ़ें - बांदा से अपहृत बालक 24 घंटे के अंदर कहां बरामद, कौन अभियुक्त पकड़े गए

बता दे कि सिसोलर चौबीसी क्षेत्र सिसोलर चोबीसी क्षेत्र के किसानों को सिंचाई की सुविधा मुहैया कराने के लिए मुख्य रूप से छानी पम्प कैनाल तथा बैजेमऊ पम्प कैनाल हैं। लेकिन दोनों ही पम्प कैनाल के रखरखाव एवं गैर जिम्मेदार अधिकारियों की लापरवाही से यहाँ के किसानों को कभी भी समय से पानी नहीं मिलता है। हजारों बीघे रकबे को सिंचित करने के उद्देश्य से बनी ये नहरें अधिकतर सूखी रहती हैं।

यह भी पढ़ें - राज्यसभा के लिए उप्र के सभी 10 प्रत्याशी निर्विरोध निर्वाचित

क्षेत्र का किसान का फसल बुआई के लिए पानी की आस मे बैठा रहता है और पानी के इंतजार में बुआई का सही समय निकल जाता है। कई बार तो पानी न मिलने से  खेत में खड़ी फसलें सूख जाती हैं। इस वर्ष भी ऐसा ही देखने को मिल रहा है इन नहरों में पानी न आने से किसान पलेवा के लिए परेशान है।

बुआई का समय चल रहा है लेकिन नहरों में पानी नहीं दिखाई दे रहा है। ऐसे में  किसानों के माथे पर चिंता की रेखाएं खिच रही हैं। छानी पम्प कैनाल के बारे में सम्बंधित अधिकारियों से बात की गई तो उन्होंने यहाँ की कुछ मोटरों में गड़बड़ी होने का रोना रोया है हलांकि खेतों में पानी पहुंचाने का भरोसा भी दिलाया है।

यह भी पढ़ें - महोबा : एसपी मणिलाल पाटीदार को जाना ही होगा जेल

लेकिन एक बात समझ में नहीं आती है कि आखिर किसानों के पलेवा तथा सिंचाई के समय ही मोटर खराबी सहित अन्य  समस्याएं क्यों आती हैं क्या इन समस्याओं को पहले से दुरुस्त नहीं किया जा सकता है। कुछ भी हो लेकिन यदि समय रहते नहर विभाग के अधिकारियों की लापरवाही पर नकेल नहीं कसी गई तो क्षेत्र का किसान तवाह हो जायेगा।

पांच नलकूपों के हाल बेहाल, दो दिन पूर्व आई मोटर आधा घंटे में धड़ाम

ग्राम इगोहटा के पांच नलकूप एक माह से ठप होने की वजह से सैकड़ों एकड़ जमीन जमीन के परती पड़ने के आसार देखकर किसान बहुत दुखी हैं। उनका कहना है कि नलकूप विभाग सुनता नहीं है। यदि फसल नहीं तैयार हुई तो परिवार पालना मुश्किल हो जाएगा।
किसानो ने बताया कि 90 और 118 नंबर के नलकूप रिबोर की श्रेणी में है उनका रिबोर हो पाना मुश्किल सा लगता है क्योकि इसके लिए विभाग कोई पहल नहीं कर रहा है। 164 नंबर नलकूप का मोटर एक माह से हमीरपुर में मरम्मत के लिए पड़ा है। नलकूप बंद है जबकि किसान पानी की आश लगाए बैठे हैं मगर विभाग को किसानो की पीड़ा से कोई वास्ता नहीं है।

यह भी पढ़ें - दीपावली विशेष : उत्सव की खुशियां मनाएं पर ये जरूरी सावधानी भी अपनाएं

165 नंबर के राजकीय नलकूप की खराब मोटर एक माह बाद बनकर दो दिन पूर्व आई थी। किसानो को अपार खुशी हुई थी कि उन्हे फसल तैयार करने का सुअवसर मिल जाएगा लेकिन उनकी खुशी तब निराशा में तब्दील हो गयी जब नलकूप चालू होते ही आधा घंटे में मोटर जल गयी। 166 नंबर नलकूप के बारे में किसानो ने बताया उसकी मोटर एक सप्ताह पूर्व खराब हो गई थी। उसी समय मोटर व पाइप खोल कर बाहर निकाले गए थे तभी से सभी पाइप व मोटर नलकूप के सामने पड़े हैं मगर कोई ध्यान नहीं दे रहा है।

यह भी पढ़ें - एमएलसी स्नातक व शिक्षक निर्वाचन की 05 नवम्बर को जारी होगी अधिसूचना

किसानो को इस बात की चिंता है कि यदि कोई पाइप या मोटर चोरी कर ले जाय फिर मुश्किलें और बढ़ जाएंगी। किसानो ने पलेवा के कीमती वक्त में विभागीय अधिकारियों से नलकूप ठीक कराए जाने की मांग की है।

हिन्दुस्थान समाचार

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Angry Angry 0
Sad Sad 0
Wow Wow 0