अब कंटेनमेंट जोन को लेकर नहीं रहेगा कोई कन्फयूजन, बनाए जांएगे लैंड मार्क्स

अब कंटेनमेंट जोन की परिधि अस्पष्ट होने के कारण लोगाें को बेवजह परेशान नहीं होना पडे़गा, उत्तर प्रदेश  शासन ने इसका संज्ञान लेते हुए  कंटेनमेंट जोन की निर्धारित परिधि का अक्षरशः पालन करने के आदेश दिए  हैं..

अब कंटेनमेंट जोन को लेकर नहीं रहेगा कोई कन्फयूजन, बनाए जांएगे लैंड मार्क्स

गाजियाबाद,

  • मुख्य सचिव ने दिए कंटेनमेंट जोन की निर्धारित परिधि का अक्षरश पालन करने के आदेश

अब कंटेनमेंट जोन की परिधि अस्पष्ट होने के कारण लोगाें को बेवजह परेशान नहीं होना पडे़गा। उत्तर प्रदेश  शासन ने इसका संज्ञान लेते हुए  कंटेनमेंट जोन की निर्धारित परिधि का अक्षरशः पालन करने के आदेश दिए  हैं। मुख्य सचिव राजेंद्र कुमार तिवारी ने इस संबंध में प्रदेश के सभी मंडलायुक्तों, जिला अधिकारियों, पुलिस अधिकारियों और मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को भेजे गये पत्र में कहा है कि कंटेनमेंट जोन की परिधि स्पष्ट न होने की शिकायतें आये दिन प्रकाश में आ रही हैं।

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शहरी क्षेत्रों में कंटेनमेंट जोन की स्पष्ट परिधि का चिन्हांकन आवश्यक है। इसके लिए बेहतर हो कि लैंड मार्क्स का सहारा लिया जाए और निर्धारित कंटेनमेंट जोन में गाइड लाइन का पालन भी सख्ती से कराया जाए। इस बात का भी ध्यान रखा जाए कि लोगों को अनावश्यक रूप से कोई परेशानी न हो। जिला अधिकारी  अजय शंकर पांडेय ने बुधवार को  बताया कि शासन के निर्देश मिलने के बाद इस संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दे दिए गए हैं।

कंटेनमेंट जोन की परिधि स्पष्ट न होने के चलते लोगों की शिकायतें गाजियाबाद में भी सामने आती रही हैं। इसके अलावा ऐसे भी मामले सामने आए कि कंटेनमेंट जोन घोषित करने के बाद संबंधित इलाके को कंटेनमेंट जोन से बाहर भी कर दिया गया लेकिन इस संबंध में वहां के लोगों को ठीक से जानकारी नहीं दी गई और क्षेत्र जरूरत से ज्यादा समय तक बंद ही पड़ा रहा।

शासन ने ऐसे ही मामलों पर संज्ञान लेते हुए कंटेनमेंट जोन की परिधि और काल के बारे में स्पष्ट करने के आदेश दिए हैं। शासनादेश में कहा गया है कि कंटेनमेंट जोन कहां तक है, यह अपरिभाषित होने के नाते लोगों को परेशानी होती है, ऐसा न होने पा। इसके लिए आवश्यक है कि किसी लैंड मार्क्स का सहारा लेकर परिधि को स्पष्ट रूप से परिभाषित किया जाएए लेकिन ध्यान रहे कि जोन का क्षेत्र अनावश्यक रूप से बढ़ न जाए।

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एक केस पर 100 मीटर एक से अधिक मामलों में 200 मीटर परिधि

शहरी क्षेत्र में कोविड-19 का एक  केस पाए जाने पर 100 मीटर की परिधि अथवा पूरा मोहल्ला जो कम होए कंटेनमेंट जोन होगा। यदि कहीं एक से अधिक मामले पाए जाते हैं तो कंटेनमेंट जोन का दायरा बढ़ाकर 200 मीटर की परिधि का होगा। ऐसे मामलों में स्थानीय परिस्थितियों के मुताबिक बफर जोन का निर्धारण भी करना होगा।

शासन की ओर से कंटेनमेंट जोन की परि‌धि को स्पष्ट रूप से परिभाषित करने के आदेश दिए हैं, क्योंकि मौके पर पुलिस द्वारा कंटेनमेंट जोन में गाइड लाइन का पालन कराया जाना है इसलिए प्रशासन के अलावा पुलिस अधिकारियों को भी शासनादेश की प्रति भेजी गई है। 

हिन्दुस्थान समाचार

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