बिना फार्मर रजिस्ट्री नहीं मिलेगा उर्वरक : डीएम
डीएम पुलकित गर्ग की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में फार्मर रजिस्ट्री के संबंध में महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक संपन्न हुई...
अधिकारियों व सचिवों को डोर टू डोर जाकर फार्मर रजिस्ट्री बनवाने के दिए निर्देश
चित्रकूट। डीएम पुलकित गर्ग की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में फार्मर रजिस्ट्री के संबंध में महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक संपन्न हुई। इस दौरान उर्वरक वितरण और किसान फार्मर आईडी बनाये जाने को लेकर कड़े दिशा निर्देश जारी किए हैं।
डीएम ने सचिवों को निर्देशित किया कि साधन सहकारी समितियों से वितरित किए जाने वाले उर्वरक के लिए किसानों से फार्मर रजिस्ट्रीश् अनिवार्य रूप से मांगी जाए। बिना फार्मर रजिस्ट्री के किसी भी किसान को खाद का वितरण नहीं किया जाएगा। अपने नजदीकी जन सेवा केंद्रों और कृषि विभाग के तकनीकी सहायकों से समन्वय स्थापित कर अधिक से अधिक किसानों की फार्मर रजिस्ट्री बनवाना सुनिश्चित करें। सभी सचिवों को निर्देश दिए गए कि वे कृषि विभाग के क्षेत्रीय कर्मचारियों के मोबाइल नंबर आपस में साझा कर लें। कहा कि जहां भी उर्वरक का वितरण हो वहां जन सेवा केंद्र के प्रतिनिधि एवं कृषि विभाग के क्षेत्रीय कर्मचारी अनिवार्य रूप से उपस्थित रहें। किसान के आने पर वितरण के साथ उनका मौके पर ही फार्मर आईडी बनवाना भी सुनिश्चित किया जाए। कृषि विभाग के समस्त तकनीकी सहायको को प्रतिदिन 30 फार्मर रजिस्ट्री आईडी बनाने का लक्ष्य दिया गया है। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि अगले सप्ताह की समीक्षा में बॉटम तीन तकनीकी सहायको पर कठोर दंडात्मक कार्यवाही की जाएगी। मऊ के कुलदीप द्वारा सर्वाधिक फार्मर रजिस्ट्री बनाये जाने पर जिलाधिकारी ने सराहना की। बैठक में अनुपस्थित रहने पर समिति सचिव मऊ बालेंद्र भूषण के विरुद्ध प्रतिकूल प्रविष्टि देने के निर्देश दिए। एआर कोऑपरेटिव को निर्देशित किया गया कि सभी समितियां समय से खुलें और वहां किसानों के बैठने के लिए छाया व शीतल जल की समुचित व्यवस्था हो। डीएम ने कहा कि किसानों को उर्वरक का वितरण निर्धारित मानकों के अनुसार ही किया जाए। उप कृषि निदेशक को निर्देशित किया गया कि कार्यक्षेत्र में तैनात क्षेत्रीय कर्मचारियों की दैनिक फोटोग्राफ ली जाए और उसी के आधार पर उनका मानदेय, वेतन आहरित किया जाए।
डीएम ने सभी अधिकारियों एवं सचिवों को निर्देशित किया कि वे किसानों के साथ अत्यंत संवेदनशील होकर वार्ता करें और डोर टू डोर जाकर फार्मर रजिस्ट्री के कार्य में प्रगति लाएं। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी डीपी पाल, अपर जिलाधिकारी चंद्रशेखर, उप कृषि निदेशक राजकुमार, जिला कृषि अधिकारी आरपी शुक्ला, एआर सीएस राजेन्द्र कुमार सहित अधिकारी, सचिव मौजूद रहे।
What's Your Reaction?
Like
0
Dislike
0
Love
0
Funny
0
Angry
0
Sad
0
Wow
0
