बांदा में बरगद के पेड़ की छंटाई पर बवाल, विद्यार्थी परिषद का प्रदर्शन

छात्रों का आरोप है कि महाविद्यालय परिसर में स्थित छायादार और हरा-भरा बरगद का पेड़, जो वर्षों से विद्यार्थियों के लिए राहत का केंद्र था...

Apr 4, 2026 - 17:25
Apr 4, 2026 - 17:31
 0  5
बांदा में बरगद के पेड़ की छंटाई पर बवाल, विद्यार्थी परिषद का प्रदर्शन

छात्रों ने प्राचार्य पर लगाए गंभीर आरोप, जिलाधिकारी को सौंपा ज्ञापन; एक सप्ताह में कार्रवाई की चेतावनी

बांदा जनपद के पं. जवाहरलाल नेहरू महाविद्यालय में दशकों पुराने बरगद के पेड़ की छंटाई को लेकर विवाद गहरा गया है। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के कार्यकर्ताओं और छात्रों ने इस मामले को लेकर विरोध प्रदर्शन करते हुए जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर कार्रवाई की मांग की है।

क्या है पूरा मामला?

छात्रों का आरोप है कि महाविद्यालय परिसर में स्थित छायादार और हरा-भरा बरगद का पेड़, जो वर्षों से विद्यार्थियों के लिए राहत का केंद्र था, उसे साजिश के तहत पूरी तरह छंटवा दिया गया।

विद्यार्थी परिषद के सह जिला संयोजक कार्तिकेय गुप्ता ने बताया कि भीषण गर्मी के समय इस पेड़ के नीचे छात्र बैठकर अध्ययन और अन्य कार्य करते थे, लेकिन प्राचार्य के. एस. कुशवाहा द्वारा इसे कटवा दिया गया।

‘हाथी खा गया पेड़’ बयान पर विवाद

इस पूरे मामले में सबसे चौंकाने वाली बात यह सामने आई कि जब प्राचार्य से पेड़ की छंटाई के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कथित रूप से कहा कि “पेड़ को हाथी खा गया।”

इस बयान को लेकर छात्रों में आक्रोश और बढ़ गया, और इसे गंभीरता से लेते हुए विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया गया।

नियमों की अनदेखी का आरोप

छात्रनेता कार्तिकेय गुप्ता का कहना है कि बरगद का पेड़ राष्ट्रीय वृक्ष है और उत्तर प्रदेश वृक्ष संरक्षण अधिनियम 1976 के तहत बिना वन विभाग की अनुमति इसके छंटाई या कटान की अनुमति नहीं होती।

उन्होंने आरोप लगाया कि प्राचार्य के पास ऐसी कोई अनुमति नहीं थी, जो नियमों का सीधा उल्लंघन है।

छात्रों की समस्याएं भी उठाईं

प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने महाविद्यालय की अन्य समस्याओं को भी उजागर किया। उनका कहना है कि—

  • महाविद्यालय में अधिकतर पंखे खराब हैं
  • कक्षाएं नियमित रूप से संचालित नहीं होतीं
  • छात्रों के बैठने के लिए पर्याप्त व्यवस्था नहीं है

ऐसे में पेड़ की छांव ही छात्रों के लिए सहारा थी, जिसे समाप्त कर दिया गया।

आंदोलन की चेतावनी

विद्यार्थी परिषद ने चेतावनी दी है कि यदि एक सप्ताह के भीतर इस मामले में उचित कार्रवाई नहीं होती है, तो बड़ा आंदोलन किया जाएगा।

साथ ही, पूर्व में दिए गए ज्ञापनों पर एक माह के भीतर कार्रवाई न होने पर लखनऊ में व्यापक विरोध प्रदर्शन की बात भी कही गई है।

प्रदर्शन में सैकड़ों कार्यकर्ता शामिल

इस विरोध प्रदर्शन में दिलीप यादव, अभय सोनी, रमेंद्र शर्मा, शैलेंद्र दीक्षित, देवदत्त, राहुल, उदय, अभिलाष, किशन, गोविंद चौधरी, कुनाल, सतीश, शिवांशु, प्रवीण सिंह सहित सैकड़ों छात्र और कार्यकर्ता मौजूद रहे।

बरगद के पेड़ की छंटाई का यह मामला अब प्रशासनिक कार्रवाई की दिशा में बढ़ता नजर आ रहा है। देखना होगा कि जिलाधिकारी इस मामले में क्या कदम उठाते हैं और छात्रों की मांगों पर कितना अमल होता है।

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Angry Angry 0
Sad Sad 0
Wow Wow 0