बेटी के अपहरण की FIR न लिखने पर पिता ने की खुदकुशी, ग्रामीणों ने दरोगा और सिपाही को पीटा

 आंवला के एक गांव में रहने वाली युवती आठ अप्रैल को लापता हुई तो पिता अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कराने पहुंचे, रामनगर चैकी इंचार्ज ने रिपोर्ट दर्ज करने की जगह..

बेटी के अपहरण की FIR न लिखने पर पिता ने की खुदकुशी, ग्रामीणों ने दरोगा और सिपाही को पीटा

आंवला के एक गांव में रहने वाली युवती आठ अप्रैल को लापता हुई तो पिता अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कराने पहुंचे।  रामनगर चैकी इंचार्ज ने रिपोर्ट दर्ज करने की जगह, पिता को ही अपमानित कर भगा दिया। जिससे मायूस पिता ने सोमवार सुबह फंदा लगाकर खुदकुशी कर ली। उनकी जेब से एक सुसाइड नोट भी मिला था, जिसमें चैकी इंचार्ज पर अभद्रता की बात लिखी थी।

यह भी पढ़ें - UP Corona Update: स्कूल व कॉलेज को लेकर योगी सरकार का बड़ा आदेश

इसके बाद सुबह नौ बजे मौके पर पहुंचे चैकी इंचार्ज ने सुसाइड में खुद पर लगे संगीन आरोप देखने के बाद उसे फाड़ दिया। इस पर ग्रामीण आक्रोशित हो गए। गुस्साए ग्रामीणों ने चैकी प्रभारी को बंधक बना लिया। उसे छुड़ाने पहुंची पुलिस टीम का ग्रामीणों ने घेराव कर दिया। तनाव बढ़ने पर ग्रामीणों ने दरोगा और सिपाहियों को पीटना शुरू कर दिया। इस दौरान कुछ लोगों ने पुलिस पर पथराव भी किया, जिसमें  कुछ पुलिसकर्मी चोटिल हुए हैं। पुलिसकर्मियों ने वहां से भागकर जान बचाई। फिलहाल गांव में तनाव बना हुआ है।

गांव के एक किसान की बेटी चार दिन पहले अचानक गायब हो गई थी। गांव से एक युवक भी गायब था। बेटी भगाने के संदेह के साथ किसान ने आंवला थाने की चैकी रामनगर में तहरीर दी, लेकिन एफआइआर नहीं लिखी गई। आरोप है कि उन्हें अपमानित करके भगा दिया गया।

सोमवार को उनका शव रस्सी के सहारे लटका हुआ मिला। गांव के लोगों ने शव को नीचे उतारा। कपड़ों की जेब से एक सुसाइड नोट भी मिला।सुसाइड नोट में रामनगर के दारोगा पर रिश्वत मांगने का आरोप लगाया गया था। पता चलने पर दारोगा मौके पर पहुंचा और सुसाइड नोट को फाड़ दिया। इस पर ग्रामीणों ने उसे घेर कर बंधक बना लिया। दरोगा को छुड़ाने पहुंची पुलिस पर भी ग्रामीणों ने पथराव किया। पथराव में कुछ पुलिस कर्मी घायल हुए हैं।

यह भी पढ़ें - मुख्यमंत्री योगी के निर्देश, रोजाना 100 से ज्यादा केस वाले जिलों में लागू करें कोरोना कर्फ्यू

पथराव व हंगामे की सूचना पाकर एसपी देहात व सीओ कई थानों की पुलिस के साथ मौके पर पहुंचे। एसपी देहात राजकुमार अग्रवाल ने आक्रोशित ग्रामीणों को चैकी इंचार्ज पर कार्रवाई का आश्वासन दिया। आंवला विधायक धर्मपाल सिंह ने भी मौके पर पहुंचकर लोगों को शांत कराया। तब जाकर ग्रामीण शांत हुए लेकिन गांव में तनाव बना हुआ है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।

यह भी पढ़ें - लॉकडाउन के दायरे में आ रहे हैं बुन्देलखण्ड के शहर भी 

What's Your Reaction?

like
3
dislike
0
love
0
funny
0
angry
2
sad
1
wow
0