पर्यावरण जागरूकता एवं वृक्षारोपण कार्यक्रम का किया गया आयोजन

जन कल्याण शिक्षण प्रसार समिति द्वारा विश्व युवक केंद्र नई दिल्ली’ के सहयोग से ’बालिका इंटर कॉलेज मऊ’ में विश्व पर्यावरण जागरूकता माह के अवसर...

Jul 7, 2026 - 10:42
Jul 7, 2026 - 10:42
 0  8
पर्यावरण जागरूकता एवं वृक्षारोपण कार्यक्रम का किया गया आयोजन

कालेज में लगाए गए एक सैकड़ा फलदार व छायादार पौधे

चित्रकूट। जन कल्याण शिक्षण प्रसार समिति द्वारा विश्व युवक केंद्र नई दिल्ली’ के सहयोग से ’बालिका इंटर कॉलेज मऊ’ में विश्व पर्यावरण जागरूकता माह के अवसर पर पर्यावरण जागरूकता एवं वृक्षारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। 

कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए कार्यक्रम समन्वयक आदित्य मिश्रा ने बताया कि जन कल्याण शिक्षण प्रसार समिति विश्व युवक केन्द्र के संयुक्त तत्वावधान में युवाओ को जागरूक करने के लिए प्रति वर्ष पर्यावरण जागरूकता माह का आयोजन करती है। इस तरह के कार्यक्रमों के आयोजन का मुख्य उद्देश्य है कि युवाओं में भी पर्यावरण संरक्षण, प्रकृति प्रेम की भावनाओं का विकास हो। कार्यक्रम के ’मुख्य अतिथि वन विभाग के प्रतिनिधि वन दरोगा मऊ अमरजीत’ ने कहा कि बुंदेलखंड आज जलवायु परिवर्तन के सबसे अधिक प्रभावित क्षेत्रों में शामिल है। चित्रकूट और बांदा सहित पूरे क्षेत्र में लगातार बढ़ता तापमान, अनियमित वर्षा, भूजल स्तर में गिरावट, सूखे की बढ़ती घटनाएं तथा हरित क्षेत्र में कमी गंभीर चिंता का विषय हैं। उन्होंने बताया कि हाल के वर्षों में भीषण गर्मी के दौरान ’बांदा देश के सर्वाधिक गर्म जिलों में शामिल रहा है’, जहां तापमान कई बार 47 से 49 डिग्री तक दर्ज किया गया। यह स्थिति स्पष्ट संकेत देती है कि यदि बड़े स्तर पर वृक्षारोपण और उनके संरक्षण के प्रयास नहीं किए गए तो भविष्य में जल एवं पर्यावरण का संकट और गहरा सकता है।

उन्होंने कहा कि चित्रकूट अपनी प्राकृतिक धरोहर, वनों और जैव विविधता के लिए जाना जाता है, लेकिन बदलती जलवायु और मानवीय गतिविधियों के कारण यहां की हरियाली भी प्रभावित हो रही है। ऐसे समय में प्रत्येक नागरिक का दायित्व है कि वह केवल पौधे लगाए ही नहीं, बल्कि उन्हें वृक्ष बनने तक संरक्षित भी करे। कालेज के प्रबंधक सुंदर लाल सुमन’ ने अपने संबोधन में कहा कि जिस प्रकार विद्यालय में शिक्षक बच्चों की देखभाल कर उनका भविष्य संवारते हैं उसी प्रकार प्रत्येक अभिभावक को अपने घर और आसपास लगाए गए पौधों की भी उसी जिम्मेदारी और स्नेह से देखभाल करनी चाहिए। यदि हर परिवार एक पौधे को वृक्ष बनाने का संकल्प ले तो आने वाले वर्षों में पूरे क्षेत्र का पर्यावरण बदल सकता है।

विद्यालय के प्रधानाचार्य ’अरुण द्विवेदी’ ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल एक दिवस का कार्यक्रम नहीं बल्कि जीवनभर निभाई जाने वाली जिम्मेदारी है। उन्होंने छात्राओं से आह्वान किया कि वे अपने गांव और मोहल्ले में पर्यावरण संरक्षण की दूत बनें तथा जल संरक्षण, स्वच्छता, प्लास्टिक मुक्त जीवन और वृक्षारोपण का संदेश घर-घर तक पहुंचाएं। छात्राएं विद्यालय में खुद अपने हाथों से वृक्षारोपण करेंगी और पूरे वर्ष उस वृक्ष की देखभाल की जिम्मेदारी उसकी होगी। जन कल्याण शिक्षण प्रसार समिति के संस्था सचिव शंकर दयाल’ ने कार्यक्रम के अंत में छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि अधिकांश अभियान केवल पौधारोपण तक सीमित होकर रह जाते हैं। जबकि वास्तविक सफलता तब मिलती है जब लगाया गया पौधा वर्षों तक सुरक्षित रहकर विशाल वृक्ष बनता है। उन्होंने कहा, ’पौधा वही लगाइए जिसे वृक्ष बनाने का संकल्प भी लें। यदि प्रत्येक परिवार, विद्यालय और ग्राम पंचायत प्रतिवर्ष कम से कम एक पौधे को वृक्ष बनाने का संकल्प ले, तो आने वाले वर्षों में बुंदेलखंड की पर्यावरणीय तस्वीर बदल सकती है। इस अवसर पर विद्यालय परिसर में छायादार एवं फलदार प्रजातियों के सौ पौधों का सामूहिक पौधरोपण’ किया गया। पौधों की देखभाल की जिम्मेदारी छात्राओं, शिक्षकों एवं विद्यालय परिवार को सौंपी गई। कार्यक्रम के समापन पर सभी छात्राओं, शिक्षकों, वन विभाग के अधिकारियों एवं उपस्थित नागरिकों ने पर्यावरण संरक्षण की शपथ लेते हुए जल, जंगल और जमीन की रक्षा, प्लास्टिक के उपयोग में कमी, जल संरक्षण तथा अधिक से अधिक पौधे लगाकर उनके संरक्षण का संकल्प लिया।

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Angry Angry 0
Sad Sad 0
Wow Wow 0