website statistics
ट्विटर पर बिजली व्यवस्था के सुधार की रफ्तार हर ट्वीट के साथ बढ़त"/>

ट्वीट की तरह बिजली भी आ जा रही है मंत्री जी, कब सुधरेगी व्यवस्था ?

ट्विटर पर बिजली व्यवस्था के सुधार की रफ्तार हर ट्वीट के साथ बढ़ती जा रही है। फिर भी ट्विटर जैसा प्रकाश आम जनता को देखने को नहीं मिल पा रहा है। प्रदेश के कोने कोने से ट्वीट की तरह अघोषित बिजली कटौती की खबर आ रही है। वहीं चित्रकूट जिले में विधायक से लेकर जिलाध्यक्ष तक बिजली विभाग के आला अफसरों से ट्विट की तरह तू तू मैं मैं कर रहे हैं और अंततः हारकर फेसबुक जैसी लंबी पोस्ट पत्र के रूप में ट्विटर वाले वित्तमंत्री को थमा कर आ जाते हैं।

थोड़ी बहुत मशीनें बदल दी गई हैं और कुछ जगहों पर रंग रोगन कर दिया गया है। लेकिन व्यवस्था में सपा शासनकाल जैसा सुधार तनिक भी नहीं दिख रहा है कि सैफई जैसी बिजली मिल पाती। जिले के ब्लाक मुख्यालय पहाड़ी में बिजली का कोई तय समय नहीं रह गया है। बड़े अधिकारी कभी मेहरबानी से अथवा दबाव में आकर 23 घंटे बिजली देने लगते हैं और फिर अचानक से बेवफाई करते कि ग्रामीण एरिया में तब्दील कर 18 घंटे से भी कम बिजली आने लगती है।

जिससे व्यापार व कार्यालयी कार्यों में खासा व्यवधान उत्पन्न हो रहा है। वहीं विद्यार्थी भी मानसिक तनाव की वजह से अध्ययन ठीक से नहीं कर पा रहे हैं। अधिशाषी अभियंता चित्रकूट का यही रोना रहता है कि ये नियम लखनऊ से बनकर आया है। अब यह पता नहीं चल रहा कि लखनऊ में हर रोज ट्विटर के ट्वीट की तरह ऐसा गैर जिम्मेदाराना नियम कौन बना रहा है। फिर भी तेज तर्रार ऊर्जा मंत्री से यही अपेक्षा है कि शीघ्र ही सही व्यवस्था की जाए। जिससे आम जन को राहत महसूस हो सके।

About the Reporter



चर्चित खबरें