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राज्यस्तरीय ताइक्वांडो में पाठा की लड़कियों ने नाम किया रोशन

धर्मनगरी चित्रकूट का वह क्षेत्र जो कभी डकैतो का आतंक के लिये विख्यात था। अब यहां उम्मीद की एक नही कई किरणें दिखनी शुरू हो गईं हैं। यहाँ के बच्चों ने आत्मरक्षा के सबसे बड़े खेल ‘ताइक्वांडो’ में जिले का नाम रोशन किया है। देवरिया में आयोजित राज्यस्तरीय ताइक्वांडो प्रतियोगिता में पाठा के शेरो ने धमाकेदार प्रदर्शन किया। प्रतियोगिता में लड़कियों ने बाजी मारते हुए तीन सिल्वर मेडल प्राप्त किये।

मानिकपुर नगर में ही कोच नारायण सिंह की देखरेख में सैकड़ों बच्चे ताइक्वांडो का प्रशिक्षण प्राप्त करते हैं। बहुत ही कम संसाधन में ये टीम प्रशिक्षित हो रही है लेकिन इस टीम में जोश भरपूर है और उसका कारण है कोच नारायण सिंह की मेहनत और लगन। टीम के इस प्रदर्शन के बाद कोच नारायण सिंह ने बुन्देलखण्ड न्यूज से बातचीत में कहा कि ये जीत उम्मीदों की जीत है और आने वाले समय में यही बच्चे इतिहास रचेंगे। उन्होंने कहा कि उन्हें पूरा विश्वास है कि अगली बार राष्ट्रीय स्तर पर ये बच्चे खेलते नजर आएंगे।

प्रतियोगिता में शिवानी गुप्ता, योगिता खरे और प्रिया देवी ने सिल्वर मेडल प्राप्त करके जिले का नाम रोशन किया। ये सभी छात्राएं नगर के सनराइज पब्लिक स्कूल में पढ़ती हैं। विद्यालय के प्रबन्धक शिवशंकर कंचनी ने प्रतियोगिता में शामिल हुए सभी छात्र-छात्राओं को बधाई दी। उन्होंने कहा कि कम समय में इतना बढ़िया प्रदर्शन करके इन्होंने यह साबित कर दिया है कि कठिन परिश्रम और अनुशासन से नामुमकिन को भी मुमकिन बनाया जा सकता है। इनके साथ ही निहाल खान, विवेेक मिश्रा, आनंद कुमार और करन राजपूत ने भी प्रतियोगिता में बेहतरीन प्रदर्शन किया है।

जिले के तमाम आला नेताओं और अधिकारियों ने भी टीम को बधाई दी। पुलिस अधीक्षक प्रताप गोपेन्द्र ने सभी प्रतियोगियों को बधाई देते हुए सभी के उज्ज्वल भविष्य की कामना की। जिलाधिकारी शिवाकांत द्विवेदी ने भी ताइक्वांडो की पूरी टीम को बधाई दी। इस मौके पर अभाविप की टीम सहित सैकड़ों नगरवासियों ने विजयी टीम का तिलक लगाकर स्वागत किया। ढोल-नगाड़ों के साथ विजय जुलूस भी निकाला गया। नगरवासियों ने इस जूलूस का स्वागत पुष्प वर्षा से किया।



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