< पार्टी के लिए दूसरा जानवर मारने के चक्कर मे मर गया बाघ Hindi News - Breaking News, Latest News in Hindi, हिंदी में समाचार, Samachar - Bundelkhand News करेंट लगाकर बाघ का किया गया शिकार

सतना जिले "/>

पार्टी के लिए दूसरा जानवर मारने के चक्कर मे मर गया बाघ

करेंट लगाकर बाघ का किया गया शिकार

सतना जिले के मझगवां वन रेंज की अमिरती बीट के डुडहा नाला (कम्पार्टमेंट नंबर- 810) में  मई की रात करंट से मृत तकरीबन 3 साल के नर बाघ की मौत का सच सामने आ गया है। गांव में गजराज कोल के घर आई बेटी की बारात में सांभर चीतल या फिर जंगली सुअर के मांस की दावत उड़ाने के इरादे से जंगल में जाल फैलाया था।

पुलिस की मदद से वन विभाग के हत्थे चढ़े 5 में से 4 आरोपी शिकारी गजराज समेत अमिरती गांव के आरोपी रंजन कोल ,राजेश मवासी और ज्वाला सतनामी ने मिलकर बिजली के नंगे तारों का जाल फैलाया था। इनमें से किसी को भी इस बात की आशंका नहीं थी कि जाल में बाघ फंस जाएगा।

3 घंटे छिपे रहे घात लगाकर वयस्क नर बाघ की हत्या के आरोपियों ने तकरीबन रात साढ़े 8 बजे डुडहा नाले के उस प्राकृतिक घाट पर करंट लगाया, जहां आमतौर पर वन्य प्राणी पानी के लिए पहुंचते हैं। आरोपी जंगल में ही घात लगा कर छिप गए। रात तकरीबन साढ़े 11 बजे आरोपियों के बीच उस वक्त भगदड़ मच गई,जब करंट दौड़ते जाल में फंसे टाइगर ने दहाड़ मारी।

दहाड़ से जंगल थर्रा उठा। इस क्षेत्र मे कुछ दिनो से लगातार टाईगर की चहलकर्मी के निशान मिल रहे थे इसकी जानकारी सतना वन विभाग को आधिकारीयों कर्मचारीयों को थी। उसके बाद भी सतना जिले के अधिकारीयों कर्मचारीयों ने इसकी सूचना पन्ना टाईगर रिजर्व के अधिकारीयों को नही दी गई।

जिससे यह घटना घटित हुई इस परिक्षेत्र में अभी भी टाईगर रिजर्व के 3 टाइगर घूमने की लगातार जानकारी मिल रही है। यदि समय रहते टाईगर रिजर्व के अधिकारीयों ने कारगल कदम नही उठाया तो भविष्य मे और भी घटनाए घटित हो सकती है। इसके पूर्व 2017 मे भी इसी क्षेत्र मे 1 टाईगर की मौत हुई थी।

और उसके बाद यह दूसरी घटना है इस प्रकार की घटनाओ से टाईगर रिजर्व प्रबंधन पर लापरवाही के आरोप लगाये जाना सौभाविक है यदि समय रहते टाईगरो को बचाने के कदम नही उठाये गये तो धीरे धीरे पन्ना टाईगर रिजर्व बाघ विहीन हो सकता है।

जैसे की पूर्व मे हो भी चुका है लेकिन पन्ना जिले मे टाईगरो को आबाद करने वाले अधिकारी श्री निवास मुर्ती थे जिन्होने बाघ पुनर जीवन योजना प्रारभं करके फिर से पन्ना जिले मे बाघो का पुनवा बढाया और आज लगभग आधा सैकडा बाध पन्ना टाईगर रिजर्व मे मौजूद है।

अन्य खबर

चर्चित खबरें